गढ़वाल भ्रातृ मंडल , मुंबई का 92 वां वार्षिक समारोह सादगी व उत्साह पूर्वक संपन्न


*गढ़वाल भ्रातृ मंडल , मुंबई का 92 वां वार्षिक समारोह सादगी व उत्साह पूर्वक संपन्न*

           


 *गढ़वाल भ्रातृ मंडल , मुंबई* का 92 वां वार्षिक समारोह करोना के चलते 25 दिसंबर 2020 को सी. बी. डी . बेलापुर स्थित *माँ नंदा देवी मंदिर* में सादगी व उत्साह पूर्वक ढंग से मनाया गया ।





 ( N R Filam promo by Narendra Rana)

इस अवसर पर उत्तराखंड व साथ ही गढ़वाल भ्रातृ मंडल द्वारा आयोजित होने वाले *मुंबई उत्तराखंड महोत्सव* की अधिष्ठात्री देवी *माँ नंदा देवी* का पूजन , हवन , यज्ञ , अनुष्ठान पंडित उमेश चंद्र डिमरी द्वारा सफलता पूर्वक कराया गया । वहीं श्रद्धालुओं के लिए भंडारा का आयोजन भी किया गया था ।

          *माँ नंदा देवी* के पूजन में मंडल की ओर से सहसचिव मनोज द्विवेदी सपत्नीक बैठे । हवन , यज्ञ व अनुष्ठान में मनोज द्विवेदी अपनी पत्नी शांति द्विवेदी , दया राम सती अपनी पत्नी कमला सती , प्रो. दिनेश काला अपनी पत्नी हेमा काला, मोहन खाती अपनी पत्नी कमला खाती  व लक्ष्मण भंडारी अपनी पत्नी दीपा भंडारी के साथ बैठे ।

           इस अवसर पर स्थानीय माँ नंदा देवी भजन मंडली द्वारा सुमधुर भजनों की प्रस्तुति दी गयी ।

      इस शुभ अवसर पर *मुंबई में पहाड़ी ( उत्तराखंडी ) रामलीलाओं का इतिहास* की 

ई - पुस्तिका का विमोचन भी किया गया । विमोचन वरिष्ठ शिक्षाविद डॉ. योगेश्वर शर्मा , गढ़वाल भ्रातृ मंडल के उपाध्यक्ष दया राम सती , नंदा देवी मंदिर के अध्यक्ष परमानंद देवराड़ी , हिमालय पर्वतीय संघ के अध्यक्ष चामू राणा , समाज सेवक महावीर प्रसाद पैन्यूली , समाज सेवक सुधाकर थपलियाल , उत्तरांचल मित्र मंडल , भाईंदर रामलीला के निर्देशक अनिल भट्ट , चारकोप - गोराई उत्तरांचल समाज के पूर्व महासचिव दिलबर सिंह राणा के हाथों से किया गया ।

     महावीर प्रसाद पैन्यूली ने अपने संबोधन में इस महान उपलब्धि के लिए *मंडल* को धन्यवाद ज्ञापित किया । सुधाकर थपलियाल ने *मंडल* के इस समाजोन्मुखी कार्य को रामलीला द्वारा मुंबई में उत्तराखंडी समाज को पहचान दिलाने वाली पीढ़ी को आदरांजलि स्वरूप बताया । अनिल भट्ट ने वर्तमान में मुंबई में चल रही एक मात्र उत्तराखंडी रामलीला के विभिन्न पहुलओं पर प्रकाश डाला । दिलबर राणा ने रामलीला आयोजन के उनके अनुभवों  को सभी के साथ साझा किया । उन्होंने बताया कि गढ़वाल सांस्कृतिक रामलीला मंडल , जोगेश्वरी - पश्चिम की रामलीला के एक दृश्य को 1977 में प्रदर्शित अमोल पालेकर व जरीना वहाब अभिनीत फिल्म घरौंदा में एक ग्रामीण रामलीला के दृश्य के रूप में दिखाया गया था । समारोह के अध्यक्ष डॉ. योवेश्वर शर्मा ने *मंडल* की इस उपलब्धि को हमारी आने वाली पीढ़ी के लिए एक धरोहर बताया । *मंडल* के महासचिव रमण मोहन कुकरेती ने इस पुस्तिका के प्रकाशन में परोक्ष या अपरोक्ष रूप से सहयोग देने वाले सभी महानुभावों को धन्यवाद ज्ञापित किया । उन्होंने बताया कि इन रामलीलाओं के बारे में जानकारी उपलब्ध कराने वाले अधिकतर सदस्य *गढ़वाल भ्रातृ मंडल* के आजीवन सदस्य हैं व आज उन सभी की उम्र 80 के ऊपर है । *मंडल* के 92 वें वार्षिक समारोह के इस सुअवसर पर प्रतीकात्मक रूप से केक भी काटा गया । 

        इस सुअवसर पर स्व. सुशीला देवी पुरषोत्तम पंत स्मृति न्यास द्वारा *माँ नंदा देवी मंदिर* ट्रस्ट को 35 कुर्सियां भेंट दी गयी  ।

          इस समारोह में प्रो. दिनेश काला , चंद्र मोहन गोदियाल , मोहन खाती , सुरेश पुरोहित , नरेंद्र बिष्ट , जगदीश कार्की , शिवेंद्र बिष्ट , राम ठाकुर , भूपेंद्र कार्की , लीलाधर फुलेरा , पी. डी. जोशी , विनोद डबराल , भरत सिंह रावत , सुरेश काला , दिलीप बिष्ट , मालती शर्मा सहित कई गणमान्य उपस्थित थे ।

        कार्यक्रम के संयोजक मनोज सती ने सभी का स्वागत किया । समारोह का सफल संचालन राकेश पुंडीर ने किया ।

    कार्यक्रम को सफल बनाने में अवतार सिंह नेगी  , सुनील जोशी , विनोद जोशी , भगवती जोशी , योगेश देवराड़ी  , शंभु कंडवाल , मनीष पुरोहित का विशेष योगदान रहा  ।

         अंत मे *मंडल*  के महासचिव रमण मोहन कुकरेती ने कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए सभी का आभार व्यक्त किया ।

             

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