उत्तराखंड में कोरोना की नई गाइडलाइन हुई जारी-देखिए पूरी खबर

 उत्तराखंड में कोरोना की नई गाइडलाइन हुई जारी।






1- समस्त धार्मिक, राजनीतिक एवं सामाजिक आयोजनों तथा विवाह इत्यादि में अनुमत व्यक्तियों की संख्या 200 से अधिक नहीं होगी।

2- सार्वजनिक वाहन (बस, विक्रम ऑटो रिक्शा इत्यादि) 50 प्रतिशत यात्री क्षमता के साथ ही संचालित होंगे।

3- समस्त सिनेमा हॉल, रेस्टोरेन्ट तथा बार 50 प्रतिशत क्षमता के साथ ही संचालित होगें।

4- समस्त जिम 50 प्रतिशत क्षमता के साथ संचालित होंगे।

5- समस्त जनपदों में संचालित कोचिंग संस्थान पूर्णतः बन्द रहेगें।

6- समस्त स्वीमिंग पूल, स्पा पूर्णतः बन्द रहेगे। 

7- कन्टेनमेंट जोन एवं माइक्रो कन्टेनमेंट जोन में उपरोक्त गतिविधियां पूर्णतः वर्जित रहेंगी।

8- रात्रि कर्फ्यू राज्य में रात्रि 10:30 बजे से सुबह 05:00 बजे के बीच में व्यक्तियों की आवाजाही पूरी तरह से प्रतिबंधित रहेगी। इस दौरान निम्नलिखित गतिविधियों हेतु छूट प्रदान की जायेगी:-


a- जिन औद्योगिक संस्थाओं में कई पारियों में कार्य होता है, उनके कर्मचारियों के आवागमन हेतु। 

b- राष्ट्रीय और राज्य राजमार्गों पर आपातकालीन परिचालन हेतु व्यक्तियों और सामानों की आवाजाही।

c- मालवाहक वाहनों की और उतार-चढ़ाव में कार्यरत व्यक्तियों हेतु।

d- बसों, ट्रेनों और हवाई जहाज से उतरने के बाद अपने गंतव्य के लिए जाने वाले यात्री।

e- शादी और संबंधित समारोहों के लिए बैंकट हॉल / सामुदायिक हॉल और विवाह समारोहों से संबंधित व्यक्तियों/ वाहनों की आवाजाही हेतु निर्धारित समय में प्रतिबंधों से छूट प्रदान की जायेगी।


9- कमजोर व्यक्तियों का संरक्षण:- 65 वर्ष से अधिक आयु के व्यक्तियों सह-रूग्णता वाले व्यक्तियों गर्भवती महिलाओं और 10 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को आवश्यक होने पर तथा स्वास्थ्य एवं अन्य जरूरी कार्य के लिए ही घर बाहर निकलने की सलाह जाती है।

10- कोविड उपयुक्त व्यवहार:- उत्तराखण्ड राज्य के सभी जनपदों के निवासियों / पर्यटकों द्वारा सार्वजनिक स्थलों एवं कार्य स्थलों पर अनिवार्य रूप से कोविड उपयुक्त व्यवहार जैसे कि मास्क पहनना तथा सामाजिक दूरी का कड़ाई से पालन करना अनिवार्य होगा। 

11- गृह मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा जारी किये गये एसओपी दिनांक 22.01.2021 एवं राज्य सरकार द्वारा जारी किये गये दिशा-निर्देश कुंभ मेला क्षेत्र हरिद्वार में यथावत रहेगें।

12- उक्त आदेशों के उल्लंघन की स्थिति में सम्बन्धित के विरूद्ध जिला प्रशासन द्वारा आपदा प्रबन्धन अधिनियम 2005, महामारी रोग अधिनियम 1897 एवं भारतीय दण्ड संहिता तथा अन्य अधिनियमों की सुसंगत धाराओं के अन्तर्गत कार्यवाही अमल में लायी जायेगी।

13- उक्त आदेश दिनांक 16 अप्रैल, 2021 से अग्रिम आदेशों तक प्रभावी रहेंगे।

Post a Comment

Previous Post Next Post