big breaking-मंत्री लिखेंगे अब अधिकारियों की सी.आर. मामलों के अध्ययन को कमेटी गठित करने का आदेश

0
शेयर करें

कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज की मुहिम रंग लाई

अन्य राज्यों में अधिकारियों की सी.आर. लिखने के मामलों के अध्ययन को कमेटी गठित करने का आदेश

कहा जिला पंचायत अध्यक्ष एवं ब्लाक प्रमुख को भी मिलेगा सी. आर. लिखने का अधिकार

देहरादून। कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज की लंबे समय से शासन में सचिवों की एसीआर लिखने का अधिकार कैबिनेट मंत्रियों को दिए जाने की मुहिम रंग लाने लगी है। उनके कहने पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इसके लिए मुख्य सचिव को एक कमेटी गठित करने के भी निर्देश दिये हैं।

प्रदेश के लोक निर्माण, पर्यटन, सिंचाई, लघु सिंचाई, पंचायतीराज, संस्कृति, धर्मस्व, ग्रामीण निर्माण, जलागम प्रबंधन एवं भारत नेपाल उत्तराखण्ड नदी परियोजनाऐं मंत्री सतपाल महाराज लंबे समय से शासन में सचिवों की एसीआर लिखने का अधिकार कैबिनेट मंत्रियों को दिए जाने के साथ साथ राज्य में जिला पंचायत अध्यक्ष को जिलाधिकारी और ब्लॉक प्रमुख को बीडीओ की एसीआर लिखने का अधिकार दिये जाने की पैरवी करते आ रहे हैं। गुरूवार को चारधाम यात्रा की व्यवस्था को लेकर हुई बैठक के अंत में उन्होने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को अवगत कराते हुए बताया कि पूर्व में भी इस प्रकार की व्यवस्था रही है।

कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज के विशेष आग्रह पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को मुख्य सचिव को आदेशित करते हुए कहा कि इस संबंध में तत्काल एक कमेटी बनाकर इस बात का अध्ययन किया जाए कि कौन-कौन से राज्यों में मंत्रियों को सचिवों की सी.आर.लिखने का अधिकार है।

श्री महाराज ने कहा कि राज्य में हर स्तर पर जनप्रतिनिधियों को मजबूत किया जाएगा। उन्होने कहा कि कई बार अधिकारी जनता के प्रति लापरवाह हो जाते हैं। लिहाजा निर्वाचित जनप्रतिनिधि को अधिकारियों की लापरवाह कार्यप्रणाली पर अंकुश लगाने के लिए अधिकार दिए जाने के हर संभव प्रयास किए जाएंगे। ताकि कोई भी अधिकारी विकास कार्यों में लापरवाही न कर सके।

निशीथ सकलानी
मीडिया सलाहकार, श्री सतपाल महाराज जी, माननीय मंत्री, लोक निर्माण, पर्यटन, सिंचाई, लघु सिंचाई, पंचायतीराज, संस्कृति, धर्मस्व, ग्रामीण निर्माण, जलागम प्रबंधन एवं भारत नेपाल उत्तराखण्ड नदी परियोजनाऐं
उत्तराखंड सरकार।

About Post Author

Leave a Reply

Your email address will not be published.

You may have missed

रैबार पहाड़ की खबरों मा आप कु स्वागत च !

X